प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना लाभ पात्रता और ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया

प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना लाभ और पात्रता

परिचय

प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना क्या है – प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना भारत सरकार की एक केंद्रीय योजना है। इसे 1 जनवरी 2017 को पूरे देश में लागू किया गया था। पहले इसका नाम इंदिरा गांधी मातृत्व सहयोग योजना था-

मातृ वंदना योजना इस योजना का मुख्य उद्देश्य गर्भवती महिलाओं और स्तनपान कराने वाली माताओं को पहले जीवित बच्चे के जन्म पर 5000/- रुपये की आर्थिक मदद देना है-

ताकि महिला को आराम मिले, अच्छा पोषण मिले और मजदूरी के नुकसान की भरपाई हो सके। यह योजना महिला एवं बाल विकास मंत्रालय द्वारा चलाई जाती है-

प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना असम, बिहार, छत्तीसगढ़, दिल्ली, गुजरात, हरियाणा, झारखंड, कर्नाटक, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, ओडिशा, पंजाब, राजस्थान, तमिलनाडु, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, पश्चिम बंगाल सहित सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में लागू है।

प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना क्या है और उद्देश्य क्या है

प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना यानी PMMVY केंद्र सरकार की एक स्कीम है जिसके तहत पहली बार गर्भवती होने पर महिलाओं को ₹5000/- की आर्थिक मदद दी जाती है ताकि पोषण और स्वास्थ्य जांच में कमी न रहे।

प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना क्या है जानें
सरकार PMMVY के तहत गर्भवती महिलाओं को पोषण और स्वास्थ्य जांच सुनिश्चित करती है.

प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना क्या है ध्यान से पढ़ें- इसका मुख्य उद्देश्य देश में घटती जन्म दर और कुपोषण की समस्या से लड़ना है। सरकार चाहती है कि गर्भवती महिलाएं पैसे की कमी के कारण जरूरी पोषण और आराम से वंचित न रहें-

प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना में पहली बार माँ बनने पर महिला के शरीर को ज्यादा देखभाल की जरूरत होती है। इसी बात को ध्यान में रखकर यह योजना शुरू की गई, आगे पढ़िए –

1- मजदूरी की भरपाई: गरीब महिलाएं बच्चे के जन्म के समय काम नहीं कर पातीं। 5000/- रुपये से उनकी मजदूरी के नुकसान की भरपाई होती है।

2- पोषण में सुधार: पैसों से महिला अपने लिए दूध, फल, दाल, हरी सब्जी खरीद सके और कुपोषण से बचे।

3- संस्थागत प्रसव को बढ़ावा: पहली, दूसरी और तीसरी किस्त लेने के लिए अस्पताल में जांच और टीके जरूरी हैं। इससे अस्पताल में डिलीवरी बढ़ती है।

4- माँ और बच्चे का स्वास्थ्य: समय पर जांच, टीकाकरण और स्तनपान से शिशु मृत्यु दर कम होती है।

प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना में कितना पैसा मिलता है

PMMVY योजना के तहत पहली बार मां बनने पर कुल ₹5000/- की राशि 3 किस्तों में सीधे बैंक खाते में दी जाती है – पहली किस्त ₹1000/-, दूसरी ₹2000/- और तीसरी ₹2000/-।

प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना क्या है, इसका लाभ उठाएं.
प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना PMMVY में 5000 रुपये की मदद मिलती है।

प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना क्या है -इस योजना के तहत पहले जीवित बच्चे के लिए कुल 5000/- रुपये तीन किस्तों में मिलते हैं-

पहली किस्त: 1000/- रुपये शर्त: गर्भावस्था का पंजीकरण आंगनबाड़ी केंद्र या सरकारी अस्पताल में कराने पर। 150 दिन के अंदर पंजीकरण करना जरूरी है।

दूसरी किस्त: 2000/- रुपये शर्त: गर्भावस्था के 6 महीने बाद कम से कम एक प्रसव पूर्व जांच होने पर और जांच का प्रमाण पत्र जमा करने पर।

तीसरी किस्त: 2000/- रुपये शर्त: बच्चे का जन्म पंजीकरण होने पर, बच्चे को बीसीजी, ओपीवी, डीपीटी और हेपेटाइटिस बी का पहला चक्र टीका लगने पर।

दूसरे बच्चे के लिए लाभ: यदि दूसरा बच्चा लड़की है तो 6000/- रुपये एकमुश्त मिलते हैं। यह नियम 1 अप्रैल 2022 से लागू हुआ है। इसका उद्देश्य लड़कियों के जन्म को बढ़ावा देना है।

नोट: जननी सुरक्षा योजना के 1000/- रुपये अलग से मिलते हैं। इस तरह पहली बार माँ बनने पर कुल 6000/- रुपये तक मिल सकते हैं।

राज्य के हिसाब से अलग नियम

प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के बारे में क्या आप जानते हैं, कि कुछ राज्य इस सरकारी योजना में अतिरिक्त पैसा देते हैं-

प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना क्या है यह समझने के बादमध्य प्रदेश: लाड़ली लक्ष्मी योजना के साथ 5000/- रुपये अतिरिक्त मिलते हैं।

ओडिशा: ममता योजना के तहत 5000/- रुपये अलग से मिलते हैं।

तेलंगाना: केसीआर किट के साथ 12000/- रुपये तक का सामान मिलता है।

अपने राज्य का नियम जानने के लिए आंगनबाड़ी केंद्र से संपर्क करें।

प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना की पात्रता

आंगनवाड़ी केंद्र पर PMMVY का फॉर्म भरने के लिए आधार, बैंक पासबुक और MCP कार्ड जरूरी है। 19 साल से कम उम्र और सरकारी कर्मचारी महिलाएं पात्र नहीं हैं। और नीचे पढ़ें-

प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना क्या है - पात्रता, लाभ, आवेदन जरूर जानें.
आंगनवाड़ी कार्यकर्ता की मदद से PMMVY का फॉर्म भरती गर्भवती महिला।

1- प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना में आवेदक महिला भारत की नागरिक हो और 19 वर्ष या उससे अधिक उम्र की हो।

2- यह लाभ केवल पहले जीवित बच्चे के लिए मिलता है। दूसरा बच्चा लड़की होने पर अलग से मिलता है।

3- महिला सरकारी या सार्वजनिक क्षेत्र की नियमित कर्मचारी नहीं होनी चाहिए। संविदा, दैनिक वेतन भोगी, या निजी नौकरी वाली महिलाएं पात्र हैं।

4- परिवार की आय का कोई बंधन नहीं है। लेकिन जो महिलाएं अन्य किसी कानून से मातृत्व लाभ ले रही हैं, वे पात्र नहीं होंगी।

5- आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, आशा कार्यकर्ता, आंगनबाड़ी सहायिका भी इस योजना का लाभ ले सकती हैं।

प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के लिए जरूरी दस्तावेज

प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के लिए आधार कार्ड, बैंक पासबुक और MCP कार्ड के बिना PMMVY का आवेदन रिजेक्ट हो जाएगा, इसलिए फॉर्म जमा करने से पहले इन दस्तावेजों की फोटोकॉपी तैयार रखें।

प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना क्या है, इसके लिए जरूरी दस्तावेज जैसे आधार कार्ड और बैंक पासबुक हाथ में लिए हुए महिला.
PMMVY का लाभ लेने के लिए महिला के पास आधार कार्ड और बैंक खाता होना जरूरी है.

प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के लिए जरूरी दस्तवेज की लिस्ट-

1- महिला का आधार कार्ड: बैंक खाते से जुड़ा हुआ होना चाहिए।

2- पति का आधार कार्ड: लाभ पाने के लिए पति का आधार कार्ड जरुरी है।

3- बैंक या डाकघर खाता पासबुक: खाता महिला के नाम से एकल होना चाहिए। संयुक्त खाता मान्य नहीं है।

4- मातृ शिशु सुरक्षा कार्ड: प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना क्या है -इसे एमसीपी कार्ड भी कहते हैं। यह आंगनबाड़ी या अस्पताल से बनता है।

5- मोबाइल नंबर: जो आधार से जुड़ा हो।

6- एलएमपी तारीख: अंतिम मासिक धर्म की तारीख। इसी से डिलीवरी की संभावित तारीख निकलती है।

7- बच्चे का जन्म प्रमाण पत्र: तीसरी किस्त के लिए जरूरी।

8- टीकाकरण कार्ड: बच्चे के टीकों का प्रमाण।

प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना में आवेदन कैसे करें

मातृ वंदना योजना आवेदन निशुल्क है- इसके तीन तरीके हैं-

तरीका 1: आंगनबाड़ी केंद्र। प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना में आंगनबाड़ी केंद्र से आवेदन- अपने क्षेत्र की आंगनबाड़ी कार्यकर्ता से फॉर्म 1ए लें।

2- फॉर्म में नाम, पति का नाम, पता, आधार संख्या, बैंक खाता, एलएमपी तारीख भरें।

3- आधार कार्ड, बैंक पासबुक, एमसीपी कार्ड की छाया प्रति लगाएं।

4- फॉर्म आंगनबाड़ी कार्यकर्ता के पास जमा करें। वह इसे ऑनलाइन पोर्टल पर दर्ज करेगी।

5- फॉर्म जमा करने की पावती जरूर लें।

तरीका 2: स्वास्थ्य केंद्र। स्वास्थ्य केंद्र से आवेदन-आप नजदीकी सरकारी अस्पताल, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र या सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर एएनएम से भी फॉर्म भरवा सकती हैं।

तरीका 3: ऑनलाइन आवेदन- 1- गूगल में खोजें पीएमएमवीवाई डॉट डब्ल्यूसीडी डॉट जीओवी डॉट इन।

2- सिटीजन लॉगिन पर क्लिक करें और मोबाइल नंबर से पंजीकरण करें।

3- एक बार उपयोग पासवर्ड से लॉगिन करें।

4- नया फॉर्म भरें। आधार संख्या डालते ही नाम, जन्म तारीख खुद आ जाएगी।

5- बैंक खाता, एलएमपी तारीख, पता भरें।

6- एमसीपी कार्ड, आधार, बैंक पासबुक की फोटो अपलोड करें।

7- जमा करें। आवेदन संख्या नोट कर लें।

प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना की स्थिति कैसे जाँचें

1- पीएमएमवीवाई डॉट डब्ल्यूसीडी डॉट जीओवी डॉट इन वेबसाइट खोलें।

2- सिटीजन लॉगिन पर क्लिक करें।

3- मोबाइल नंबर और एक बार उपयोग पासवर्ड डालें।

4- डैशबोर्ड पर आपकी तीनों किस्तों की स्थिति दिखेगी।

5- यदि स्थिति में भुगतान सफल लिखा है तो पैसा खाते में आ चुका है।

6- असफल लिखा है तो कारण भी लिखा होगा। जैसे आधार बैंक से नहीं जुड़ा, खाता बंद है।

नोट: इसके अलावा 104- 181 स्वास्थ्य सहायता नंबर पर फोन करके भी स्थिति पूछ सकते हैं।

प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना का पैसा नहीं आया तो क्या करें

1- आधार सीधे लाभ हस्तांतरण स्थिति जाँचें: बैंक जाकर पता करें कि खाता आधार से जुड़ा है और सीधे लाभ हस्तांतरण चालू है।

2- बैंक खाता सक्रिय करें: 6 महीने से लेनदेन न होने पर खाता निष्क्रिय हो जाता है। केवाईसी करवाकर चालू कराएं।

3- नाम में अंतर: आधार कार्ड और बैंक खाते में नाम की स्पेलिंग एक जैसी होनी चाहिए।

4- एमसीपी कार्ड अपडेट: जांच और टीके की तारीख एमसीपी कार्ड में एएनएम से भरवाएं।

5- शिकायत दर्ज करें: पीएमएमवीवाई पोर्टल पर शिकायत अनुभाग में शिकायत लिखें-

या जिला कार्यक्रम अधिकारी, महिला एवं बाल विकास विभाग से मिलें। शिकायत नंबर नोट करके रखें, ट्रैकिंग में काम आएगा-

ध्यान दें: प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना क्या है – इस योजना की अधिक जानकारी और ऑनलाइन आवेदन के लिए पीएमएमवीवाई की आधिकारिक वेबसाइट पर जाएं। आवेदन पूरी तरह निशुल्क है।

प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना से जुड़े 12 जरूरी सवाल जवाब FAQ

सवाल 1: क्या प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना पूरे भारत में है?

जवाब: हाँ। सभी राज्य और केंद्र शासित प्रदेशों में लागू है।

सवाल 2: क्या दूसरे बच्चे पर पैसा मिलेगा?

जवाब: हाँ, लेकिन केवल तभी जब दूसरा बच्चा लड़की हो। 6000/- रुपये एकमुश्त मिलते हैं।

सवाल 3: क्या अविवाहित महिला को लाभ मिलेगा?

जवाब: हाँ। विवाह की शर्त नहीं है। 19 साल से ऊपर की हर गर्भवती महिला पात्र है।

सवाल 4: जुड़वा बच्चे होने पर कितना पैसा मिलेगा?

जवाब: पहले प्रसव में जुड़वा या अधिक बच्चे होने पर भी 5000/- रुपये ही मिलेंगे। क्योंकि लाभ प्रसव पर है, बच्चों की संख्या पर नहीं।

सवाल 5: गर्भपात हो जाए तो क्या पैसा वापस लेना होगा?

जवाब: नहीं। जो किस्त मिल चुकी है वह वापस नहीं ली जाएगी। लेकिन अगली किस्त नहीं मिलेगी।

सवाल 6: क्या निजी अस्पताल में डिलीवरी पर लाभ मिलेगा?

जवाब: हाँ। लेकिन एमसीपी कार्ड पर सरकारी एएनएम या डॉक्टर के हस्ताक्षर होने चाहिए।

सवाल 7: फॉर्म भरने के कितने दिन बाद पैसा आता है?

जवाब: दस्तावेज सही होने पर 30 से 45 दिन में पहली किस्त आ जाती है।

सवाल 8: क्या प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना का लाभ आशा और आंगनबाड़ी कार्यकर्ता को मिलेगा?

जवाब: हाँ। वे भी पात्र हैं।

सवाल 9: क्या आधार जरूरी है?

जवाब: हाँ। आधार के बिना आवेदन नहीं होगा। यदि आधार नहीं है तो नामांकन पर्ची से भी काम चल सकता है।

सवाल 10: क्या पति का आधार जरूरी है?

जवाब: हाँ। योजना के फॉर्म में पति का आधार संख्या मांगी जाती है।

सवाल 11: पैसा किसके खाते में आएगा?

जवाब: केवल महिला के एकल बैंक या डाकघर खाते में। पति के खाते में नहीं आएगा।

सवाल 12: योजना कब तक चलेगी?

जवाब: यह स्थायी योजना है। मई 2026 तक चल रही है और आगे भी जारी रहेगी।

प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना और जननी सुरक्षा योजना में अंतर

जननी सुरक्षा योजना: प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना  केवल संस्थागत प्रसव के लिए है। ग्रामीण क्षेत्र में 1400/- रुपये और शहरी क्षेत्र में 1000/- रुपये मिलते हैं। यह स्वास्थ्य मंत्रालय की योजना है।

प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना: प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना – यह गर्भावस्था के दौरान पोषण और मजदूरी के नुकसान की भरपाई के लिए है-

5000/- रुपये मिलते हैं। यह महिला एवं बाल विकास मंत्रालय की योजना है। एक महिला दोनों योजना का लाभ ले सकती है। कुल 6000/- से 6400/- रुपये तक मिल सकते हैं-

ध्यान दें: इसके अलावा कई महिलाएं इस ₹5000/- की राशि को भविष्य के लिए बचाकर घर का लोन की डाउन पेमेंट या EMI में इस्तेमाल करती हैं-

अगर आप भी अपना घर खरीदने का प्लान कर रहे हैं तो घर का लोन कैसे लें की पूरी प्रक्रिया जानना जरूरी है।

निष्कर्ष 

1- प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना क्या है यह मातृ वंदना योजना देश की हर गर्भवती महिला के लिए है। 19 साल से ऊपर की महिला को पहले बच्चे पर 5000/- रुपये और दूसरी लड़की पर 6000/- रुपये मिलते हैं, आवेदन के लिए आंगनबाड़ी केंद्र जाएं या पीएमएमवीवाई पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदन करें।

2- आधार, बैंक खाता और एमसीपी कार्ड तैयार रखें। यह योजना चालू है और आगे भी रहेगी। इसलिए इस लेख को सेव कर लें। किसी भी राज्य की महिला इसका लाभ ले सकती है।

3- गर्भवती महिलाओं के लिए https://harbo.co.in अन्य सरकारी योजनाओं की जानकारी भी हमारी वेबसाइट पर पढ़ें।

याद रखें: आवेदन निशुल्क है। किसी को पैसा न दें। एक बार उपयोग पासवर्ड किसी से साझा न करें।

अस्वीकरण

1- यह harbo.co.in एक निजी वेबसाइट है जिसका भारत सरकार या किसी भी सरकारी विभाग से कोई संबंध नहीं है। इस वेबसाइट पर प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना क्या है-

2- इस सरकारी योजना से जुड़ी जो भी जानकारी दी गई है. वह विभिन्न सरकारी वेबसाइटों, समाचार पत्रों और आधिकारिक अधिसूचनाओं से ली गई है।

3- हमारी कोशिश रहती है कि पाठकों को सही और अपडेट जानकारी दें. लेकिन योजना के नियम, पात्रता की शर्तें और लाभ की राशि समय-समय पर सरकार द्वारा बदली जा सकती है।

4- इसलिए आवेदन करने से पहले आप एक बार आधिकारिक वेबसाइट – pmmvy.wcd.gov.in या अपने नजदीकी आंगनबाड़ी केंद्र से जानकारी की पुष्टि अवश्य कर लें।

5- इस योजना के लिए आवेदन पूरी तरह निशुल्क है। यदि कोई व्यक्ति या एजेंट आपसे पैसे की मांग करता है तो उसकी शिकायत तुरंत करें।

 

 

 

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